गोण्डा, 18 अप्रैल 2026 — जनपद में सड़क सुरक्षा और ध्वनि प्रदूषण नियंत्रण को लेकर परिवहन विभाग ने सख्त रुख अपनाते हुए व्यापक चेकिंग अभियान चलाया। एआरटीओ (प्रशासन) आर.सी. भारतीय के नेतृत्व में चलाए गए इस अभियान के तहत जिले के विभिन्न प्रमुख स्थानों पर वाहनों की गहन जांच की गई।
अभियान का मुख्य उद्देश्य वाहनों में अवैध रूप से लगाए गए मॉडिफाइड साइलेंसरों के खिलाफ कार्रवाई करना और ध्वनि प्रदूषण को नियंत्रित करना रहा। चेकिंग के दौरान कई ऐसे वाहन पकड़े गए, जिनमें नियमों के विपरीत तेज आवाज उत्पन्न करने वाले साइलेंसर लगे हुए थे। ऐसे वाहन चालकों के खिलाफ तत्काल चालान की कार्रवाई की गई, जबकि कुछ मामलों में मौके पर ही साइलेंसर हटवाए गए।
एआरटीओ ने बताया कि मॉडिफाइड साइलेंसर न केवल ध्वनि प्रदूषण बढ़ाते हैं, बल्कि आम जनता के लिए असुविधा और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का कारण भी बनते हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस प्रकार के अवैध संशोधनों के खिलाफ यह अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा और नियम तोड़ने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
अभियान के दौरान वाहन चालकों को जागरूक भी किया गया। उन्हें हेलमेट और सीट बेल्ट के अनिवार्य उपयोग, निर्धारित गति सीमा का पालन करने और यातायात संकेतों का सम्मान करने की सलाह दी गई।
परिवहन विभाग ने सभी वाहन चालकों से अपील की है कि वे अपने वाहनों में किसी भी प्रकार का अवैध परिवर्तन न करें और यातायात नियमों का पूरी तरह पालन करें। विभाग का उद्देश्य केवल दंडात्मक कार्रवाई नहीं, बल्कि सुरक्षित और शांतिपूर्ण यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करना है।
OneIndia24live Hindi News Channel Today Breaking News Hindi Samachar